पीएम किसान सम्मान निधि में अनदेखी,शिक्षक के खाते में जा रही रकम

कौशाम्बी

केंद्र सरकार ने किसानों के हित के लिए पीएम किसान सम्मान निधि योजना लागू की गई है, लेकिन जिम्मेदारों की अनदेखी की वजह से इस योजना का कई अपात्रों को लाभ मिल रहा है। विकास खंड कौशांबी के दो अलग-अलग गांव के किसानों की धनराशि दूसरे के खाते में जा रही है। पेश से शिक्षक और एक एक अन्य व्यक्ति को पीएम किसान सम्मान निधि का पैसा मिल रहा है। जानकारी होने के बाद किसानों ने मामले की शिकायत कई बार अधिकारियों से की थी। इसके बाद भी समस्या का समाधान नहीं हुआ।

किसानों की मदद के लिए केंद्र सरकार ने एक सितंबर वर्ष 2018 से प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना लागू की है। इस योजना के तहत पात्र किसानों का छह हजार रुपये वार्षिक देने का प्राविधान है। योजना की शुरुआत होने के बाद शासन के निर्देश पर कृषि व राजस्व विभाग की ओर किसानों का चयन कर ऑनलाइन अभिलेखों की आनलाइन फीडिग कराई कराई गई। किसानों को आरोप है कि फीडिग के दौरान गड़बड़ी की गई है। इसकी वजह से दर्जनों किसानों का हक दूसरे के खाते में पहुंच रहा है। ऐसे मामले प्रकाश में आए हैं। विकास खंड कौशांबी क्षेत्र की ग्राम पंचायत मेंडरहा गांव के किसानों गरीब ,नेवाज, पुष्कर मिश्रा ने बताया कि उन्होंने योजना का लाभ पाने के लिए ऑनलाइन आवेदन किया था, लेकिन पिछले डेढ़ वर्ष से धनराशि मढ़ी गांव के एक शिक्षक के खाते में जा रहा है। जानकारी होने के बाद मामले को शिक्षक से मिले तो उन्होंने तो चेक के माध्यम से एक बार 5500 रुपये वापस किया। अब भी उनके खाते में धनराशि भेजी जा रही है। इसकी शिकायत पूर्व में जिलाधिकारी, कृषि डिप्टी डायरेक्टर से किसान ने की थी, लेकिन ध्यान नहीं दिया गया। मेड़रहा गांव के किसान सनत कुमार शुक्ला ने बताया कि उन्होंने भी योजना का लाभ पाने के लिए आवेदन किया था। लेकिन लाभ दूसरे को मिल रहा है। शिकायत के बाद भी समस्या का निराकरण नहीं हो पा रहा है। इस संबंध में कृषि डिप्टी डायरेक्टर डा. उदय भान गौतम का कहना है कि फीड़िग के दौरान खाता संख्या गलत हो जाने की वजह से ऐसी शिकायत मिली है। संशोधन कराया जा रहा है। जल्द ही पात्र किसानों के खाते में धनराशि पहुंचेगी।

Ashok Kesarwani- Editor
Author: Ashok Kesarwani- Editor