कौशाम्बी: चायल के घूरी गांव में आयोजित हुई कांग्रेस की मनरेगा बचाओ महासंग्राम अभियान की चौपाल,
यूपी के कौशाम्बी जिले के चायल विधानसभा क्षेत्र के घूरी गांव में रविवार शाम कांग्रेस ने ‘मनरेगा बचाओ महासंग्राम अभियान’ के तहत एक चौपाल का आयोजन किया। इस दौरान जिलाध्यक्ष गौरव पाण्डेय ने भाजपा सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि भाजपा आम जनता का नहीं, बल्कि चंद उद्योगपतियों का उद्धार चाहती है।
जिलाध्यक्ष गौरव पाण्डेय ने आरोप लगाया कि देश में आम जनता महंगाई से त्रस्त है और युवा रोजगार के लिए भटक रहे हैं, जबकि भाजपा लोगों को धर्म और जाति के मुद्दों में उलझाकर उनका ध्यान भटका रही है। उन्होंने जोर देकर कहा कि कांग्रेस ने हमेशा जनता के अधिकारों की लड़ाई लड़ी है और आगे भी लड़ती रहेगी।
जिला उपाध्यक्ष राजनारायण पासी ने अपने संबोधन में कहा कि देश के महापुरुषों ने राष्ट्र के लिए अपना सर्वस्व न्योछावर किया है। कांग्रेस ने उन्हीं महापुरुषों के नाम पर कई प्रमुख योजनाएं शुरू की थीं, जिनमें राष्ट्रपिता महात्मा गांधी के नाम पर चल रही मनरेगा योजना भी शामिल थी। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा सरकार इस योजना का नाम बदलकर इसे धीरे-धीरे खत्म करने का प्रयास कर रही है, जिसे कांग्रेसजन कतई बर्दाश्त नहीं करेंगे।
जिला उपाध्यक्ष और मनरेगा कार्यक्रम के कोऑर्डिनेटर मोहम्मद ने मनरेगा योजना के महत्व पर प्रकाश डाला। उन्होंने बताया कि महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी अधिनियम (मनरेगा) 2005 में पारित एक प्रमुख ग्रामीण विकास योजना है। इसका मुख्य उद्देश्य ग्रामीण भारत के परिवारों को एक वित्तीय वर्ष में कम से कम 100 दिनों के अकुशल शारीरिक काम की गारंटी देकर उनकी आजीविका सुरक्षा चाहती है।
इस कार्यक्रम में जिला महासचिव कालका सिंह, ब्लॉक अध्यक्ष नेवादा रावेंद्र सिंह यादव, रमेश यादव, सोशल मीडिया जिलाध्यक्ष सचिन पाण्डेय, व्यापार मंडल अध्यक्ष कैलाश केसरवानी, जीतू तिवारी, प्रभा यादव, सेवादल जिलाध्यक्ष जमशेद अहमद, मोहम्मद असद, मोहम्मद मिज़ान, सरिता देवी, सावित्री देवी, गीता देवी, मिथलेश देवी, हुबलाल बाबा, नरसिंह यादव, मिश्री लाल, सुरेमन पासी, हनुमान सिंह, विजय यादव, मल्हू यादव, राम सिंह यादव, राजेंद्र यादव, फुर्ती लाल, राजाराम पासी और सजीवन पासी सहित सैकड़ों की संख्या में लोग उपस्थित रहे।








