कौशाम्बी: विश्व टीबी दिवस पर एएसएमसी द्वारा जागरूकता एवं स्वास्थ्य कार्यक्रम का आयोजन,
यूपी के कौशाम्बी जिले में स्वशासी राज्य चिकित्सा महाविद्यालय द्वारा विश्व टीबी दिवस के अवसर पर जनजागरूकता एवं स्वास्थ्य कार्यक्रम का आयोजन प्राथमिक विद्यालय छोगरिया का पूरा में किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य क्षय रोग के प्रति लोगों को जागरूक करना, समय पर जांच एवं उपचार के महत्व को समझाना तथा टीबी मुक्त समाज की दिशा में सामूहिक प्रयास को बढ़ावा देना रहा।
कार्यक्रम का शुभारंभ महाविद्यालय के प्रधानाचार्य डॉ. हरिओम कुमार सिंह द्वारा जागरूकता रैली को हरी झंडी दिखाकर किया गया। इसके पश्चात चिकित्सा टीम द्वारा जनसमुदाय एवं विद्यालयों में जाकर टीबी के प्रति जागरूकता अभियान चलाया गया। प्रधानाचार्य ने अपने संबोधन में कहा कि टीबी एक संक्रामक रोग है, लेकिन इसका पूर्ण उपचार संभव है। उन्होंने बताया कि दो सप्ताह से अधिक समय तक खांसी, बुखार, वजन कम होना और रात में पसीना आना इसके प्रमुख लक्षण हैं। ऐसे लक्षण दिखाई देने पर तुरंत जांच करानी चाहिए यह पाया गया है कि नवीनत आकडा़े के अनुसार हर वर्ष लगभग लाखों लोग इस रोग से प्रभावित होते है, भारत में इसका बोझ सबसे अधिक है।
टी0बी0 चेस्ट विभाग के डा0 संजीव कुमार सिंह द्वारा टीबी के कारण, लक्षण, जांच एवं उपचार के बारे में विस्तृत जानकारी दी गई। उन्होंने बताया कि सरकार द्वारा टीबी की जांच एवं उपचार की सुविधा निःशुल्क उपलब्ध कराई जा रही है और मरीजों को नियमित दवा सेवन करना अत्यंत आवश्यक है।
कम्युनिटी मेडिसिन विभाग के डा0 संतोष कुमार ने बताया कि टीबी से बचाव के लिए पोषण, स्वच्छता, खांसते-छींकते समय मुंह ढकना तथा समय पर जांच और उपचार अत्यंत जरूरी है। साथ ही यह भी बताया गया कि टीबी मरीजों के प्रति भेदभाव नहीं करना चाहिए, बल्कि उनका सहयोग करना चाहिए सरकार द्वारा चलाई जा रही पोसण सहायता 1000 रू0 प्रतिमाह प्रदान की जा रही है।
कार्यक्रम के दौरान आये हुए मरीजों की जांच की गई एवं आवश्यकतानुसार निःशुल्क दवा वितरित की किया गया।अंत में सभी को टीबी मुक्त भारत के लक्ष्य को प्राप्त करने हेतु जागरूक रहने एवं दूसरों को जागरूक करने का संकल्प दिलाया गया।इस अवसर पर मेडिकल कॉलेज के संकाय सदस्य, स्वास्थ्य कर्मी एवं इंटर्न उपस्थित रहे।








