कौशाम्बी में एंटी ह्यूमन ट्रैफिकिंग यूनिट ने रोका नाबालिग बालिका का विवाह

कौशाम्बी: कौशाम्बी में एंटी ह्यूमन ट्रैफिकिंग यूनिट ने रोका नाबालिग बालिका का विवाह,

यूपी के कौशाम्बी जिले में एंटी ह्यूमन ट्रैफिकिंग (AHT) यूनिट ने एक नाबालिग बालिका का विवाह रोकने में सफलता पाई है,यूनिट ने बालिका का विवाह रोककर बाल कल्याण समिति के सदस्य, चाइल्ड हेल्पलाइन के सदस्य एवं स्थानीय पुलिस के साथ मौके पर जाकर बालिका के शैक्षिक अभिलेखों का अवलोकन किया,जिसमें बालिका नाबालिग पाई गई,जिसके बाद बाल विवाह को तत्काल रोक दिया गया।बालिका को वन स्टॉप सेंटर भेज दिया गया है और जांच शुरू कर दी गई है।

मामला संदीपन घाट थाना क्षेत्र के एक गांव का है जहा एक नाबालिग बच्ची का विवाह उसके माता-पिता के द्वारा किए जाने हेतु सुनिश्चित किया गया था, जिसकी विवाह की तिथि आज 20 फरवरी को तय थी। सूचना के आधार पर एंटी ह्यूमन ट्रैफिकिंग थाना पुलिस टीम ने बाल कल्याण समिति के सदस्य, चाइल्ड हेल्पलाइन के सदस्य एवं स्थानीय पुलिस के साथ मौके पर जाकर बालिका के शैक्षिक अभिलेखों का अवलोकन किया, जिसमें बालिका नाबालिग पाई गई। टीम ने परिजनों को समझा बुझाकर विधि विरुद्ध प्रस्तावित विवाह को रुकवाया। बालिका को वन स्टाप सेंटर भेजा गया एवं अन्य आवश्यक वैधानिक कार्यवाही की जा रही है।

इस दौरान गांव में उपस्थित जनता के लोगों को विधिक जानकारी देते हुए बताया गया कि मानव तस्करी, बाल विवाह, बाल श्रम एवं बाल भिक्षावृत्ति जैसे अपराधों के संबंध में विस्तृत रूप से जागरूक किया गया। उन्हें अवगत कराया गया कि बाल विवाह में सम्मिलित किसी भी अभिभावक, बिचौलिया, पंडित, मौलवी, बैंड-बाजा संचालक, टेंट व्यवसायी, पैलेस अथवा लॉज संचालक को समान रूप से उत्तरदायी माना जाएगा, जिनके विरुद्ध 02 वर्ष तक का कारावास अथवा 01 लाख रुपये तक का जुर्माना या दोनों दंड का प्रावधान है। साथ ही आपातकालीन सहायता हेतु शासन द्वारा जारी टोल फ्री हेल्पलाइन नंबर 1090, 1098, 112, 1076 एवं 181 के संबंध में जानकारी प्रदान कर आमजन को किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तत्काल पुलिस को देने हेतु प्रेरित किया गया।

Ashok Kesarwani- Editor
Author: Ashok Kesarwani- Editor