एक महीने से पत्नी की हत्या के आरोप में जेल बंद पति को पुलिस ने दिलाया न्याय,मौसेरे भाई के साथ दिल्ली में मिली विवाहिता,विवाहिता के पिता समेत चार पर FIR,पिता-पुत्र अरेस्ट,आरोपी जेल से हुआ बाहर

कौशाम्बी: एक महीने से पत्नी की हत्या के आरोप में जेल बंद पति को पुलिस ने दिलाया न्याय,मौसेरे भाई के साथ दिल्ली में मिली विवाहिता,विवाहिता के पिता समेत चार पर FIR,पिता-पुत्र अरेस्ट,आरोपी जेल से हुआ बाहर,

यूपी के कौशाम्बी जिले में पुलिस की सक्रियता से एक महीने से पत्नी की हत्या के आरोप में जेल बंद पति को न्याय मिला है,पुलिस की रिपोर्ट पर न्यायालय ने युवक को जेल से बाहर करने का आदेश दिया है,पुलिस की तलाश में मौसेरे भाई के साथ दिल्ली में विवाहिता मिली है,युवक के पिता की तहरीर पर पुलिस ने बेटे को जबरन मुकदमे में फंसाने के आरोप में पुलिस ने विवाहिता के पिता समेत चार पर FIR दर्ज की है,पुलिस ने महिला के पिता और भाई को अरेस्ट कर लिया है और कार्रवाई में जुटी हुई है।

मामला महेवाघाट थाना क्षेत्र के अलवारा गांव का है जहा पारिवारिक विवाद को लेकर हुए खौफनाक घटनाक्रम का एसपी राजेश कुमार ने प्रेस वार्ता कर हैरतअंगेज खुलासा किया है।एसपी ने बताया कि जिस महिला की हत्या कर शव गायब करने के आरोप में पति जेल में बंद है वह अपने मौसेरे भाई के साथ दिल्ली में मिली है,इस मामले में पुलिस ने पति में पिता की तहरीर पर बहू के पिता समेत चार के खिलाफ साजिश रचने सहित कई गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज किया है। पुलिस ने आरोपित पिता-पुत्र को गिरफ्तार कर विवाहिता का कोर्ट के समक्ष बयान कराया,जिसके बाद न्यायालय ने पति राजू तिवारी को जेल से बाहर निकालने का आदेश दे दिया है और पति राजू जेल से बाहर भी आ गया है।

महेवाघाट थाना क्षेत्र के अलवारा गांव के राजू तिवारी के पिता योगेंद्र तिवारी के मुताबिक वर्ष 2024 में बहू अपने मौसी के बेटे रामू उर्फ संकल्प मिश्रा निवासी परसिद्धपुर थाना धाता जनपद फतेहपुर के साथ बिना बताए दिल्ली चली गई। इसे लेकर रिश्तेदारों की मध्यस्थता से समझौता कराया गया। बहू अक्सर अपने मायके में रहती थी। कभी-कभी ससुराल आने के बाद भी उसका रवैया ठीक नहीं था। 21 जनवरी 2026 को बहू बिना बताए घर से कहीं चली गई। इस बार वह अपने साथ जेवर व नकदी भी ले गई। बहू के मायके वालों की सहमति पर बेटे ने 22 जनवरी को गुमशुदगी दर्ज कराई। पुलिस बहू की खोजबीन कर रही थी तभी मायके पक्ष ने साजिश करते हुए 20 फरवरी 2026 योगेंद्र तिवारी, बेटे, बेटी व अन्य ससुरालीजन के खिलाफ अंकिता की हत्या कर शव गायब करने का गंभीर आरोप लगाते हुए मुकदमा कायम करा दिया। गिरफ्तारी के डर से पूरा परिवार घर में तालाबंद कर पलायन किए हुए हैं।

पुलिस के दबाव बनाने पर निर्दोष बेटे राजू तिवारी ने 27 फरवरी को कोर्ट में सरेंडर कर दिया व तब से अभी तक जेल में हैं। योगेंद्र तिवारी का कहना है कि अब बहू के दिल्ली में रामू मिश्रा के किराए के घर से बरामद हुई है। इसकी जानकारी होने पर पीड़ित ने महेवाघाट थाने में शारधा मिश्रा, बेटे के साले गोपाल मिश्रा, मौसेरे भाई रामू उर्फ संकल्प मिश्रा व सैनी के रामपुर धमावां निवासी रिश्तेदार वरुण त्रिपाठी के खिलाफ तहरीर दी है। पुलिस ने मुकदमा कायम कर आरोपित शारधा व उसके बेटे गोपाल मिश्रा को गिरफ्तार कर चालान कर दिया है।

एसपी राजेश कुमार ने बताया कि विवाहिता के लापता होने के बाद घटना की सच्चाई को उसके मायके पक्ष के लोगों ने छिपाकर रखा। साथ ही गंभीर मामले की झूठी तहरीर देकर एक बेकुसूर को जेल भिजवाया। इस मामले में आरोपियों के खिलाफ निष्पक्ष जांच की गई। विवाहिता को बरामद करने के बाद कोर्ट में बयान व मेडिकल परीक्षण की कार्रवाई कराई जा रही है। घटना में आरोपित पिता-पुत्र को अरेस्ट कर लिया है और पूछताछ की जा रही है।

 

Ashok Kesarwani- Editor
Author: Ashok Kesarwani- Editor