जीएसटी की छापेमारी से दहशत में व्यापारी,सुनिए क्या कहा जीएसटी अधिवक्ता राम प्रकाश मिश्रा ने

कौशाम्बी,

जीएसटी की छापेमारी से दहशत में व्यापारी,सुनिए क्या कहा जीएसटी अधिवक्ता राम प्रकाश मिश्रा ने

यूपी के 71 शहरों में GST की 248 टीमों की पिछले कई दिनों से बड़ी छापामारी जारी है।जानकारी मिल रही है कि जीएसटी टीम की छापेमारी का सिलसिला अभी 15 दिसंबर तक चलेगा। इस छापेमारी में वित्त विभाग, राजस्व, खुफिया महानिदेशालय के अधिकारी शामिल है। बताया जा रहा है कि जीएसटी टीम की यह रेड यूपी की सबसे बड़ी रेड है।

जीएसटी टीम की छापेमारी से छोटे बड़े सभी व्यापारी दहशत में है,जीएसटी टीम किसी भी व्यापारी के प्रतिष्ठान पर पहुंचते है और उनसे दस्तावेज जब्त कर लेते है,व्यापारी व्यापार करता है जिसके उसके पास जरूरी दस्तावेज होने चाहिए,ज्यादातर देखा जाता है कि व्यापारी के पास समय की कमी होती है और वह सारा कागजी कार्य अपने अधिवक्ता और मुनीम से कराता है जिससे उसके पास वर्तमान समय में महत्वपूर्ण दस्तावेज उपलब्ध नहीं होते,जिसका फायदा उठाते हुए यह टीम उनके ऊपर कार्यवाई करने लगती है,व्यापारी को बिना सुने यह कार्यवाई बिलकुल गलत है जिसका विरोध व्यापारियों ने शुरू कर दिया है।

जीएसटी के संबंध में उत्तर प्रदेश कर अधिवक्ता संगठन के प्रदेश उपाध्यक्ष एडवोकेट राम प्रकाश मिश्रा से इस संबंध में वार्ता की गई,आइए उन्होंने क्या कहा इसे सुनते और पढ़ते है…..

अधिवक्ता राम प्रकाश मिश्रा ने बताया कि जिन व्यापारियों का सालाना टर्नओवर 40 लाख रुपये से अधिक होता है, उनके लिए जीएसटी रजिस्ट्रेशन कराकर GSTIN लेना जरूरी होता है,कुछ राज्यों में टर्नओवर की यह सीमा 20 लाख रुपये से अधिक है,इसलिए अगर आप इस टर्नओवर के दायरे में आते हैं, तो आपको जीएसटी का रजिस्ट्रेशन कराना होगा।

 

पंजीकृत बिजनेस को जीएसटी के रेड के टाइम ये डॉक्यूमेंट होना जरूरी है,

1- बिक्री बिल बुक
2- खरीद बिल
3- जीएसटी रिटर्न की कॉपी
4- जीएसटी प्रमाणपत्र

अपंजीकृत बिजनेस को जीएसटी के रेड के टाइम ये डॉक्यूमेंट होना जरूरी है,

खरीद बिल और बिजनेस का टोटल टर्नओवर 20 लाख से कम होना चाहिए।

अधिवक्ता आराम प्रकाश मिश्रा ने बताया कि सभी ऐसे व्यापारी जिन्होंने अपना जीएसटी रजिस्ट्रेशन करा रखा है,वह अपने स्टॉक और बिक्री के बिल बुक अवस्य साथ रखे,जो व्यापारी समाधान व्यवस्था में शामिल है,वह प्रतिदिन की बिक्री का अंतिम बिल अवश्य अधिकारियों को दिखाए।

वही अधिवक्ता राम प्रकाश मिश्रा ने बताया कि शासन को जीएसटी की प्रक्रिया सरल करनी चाहिए,यह प्रक्रिया इतनी जटिल है की हर व्यापारी इसकी जटिलता के चलते जीएसटी रजिस्ट्रेशन नही लेना चाहता और वह कर चोरी में फंस जाता है,इसके लिए विभाग और सरकार को इसकी प्रक्रिया को सरल करना चाहिए।

अधिवक्ता राम प्रकाश मिश्रा ने सरकार पर आरोप लगाते हुए कहा कि जिले में अब तक कुल 09 व्यापारियों पर जीएसटी टीम ने छापेमारी की है और वह सभी व्यापारी अल्पसंख्यक वर्ग से आते है,यह शासन के नियमों एवम सनातन धर्म के विपरीत है,सरकार को एक निगाह से सभी को देखना चाहिए,सभी वर्ग के व्यापारी व्यापार करते है,किसी भी व्यापारी पर दमनकारी नीति के तहत कार्यवाई नही होनी चाहिए।

अधिवक्ता राम प्रकाश मिश्रा ने कहा कि विभाग व्यापारियों को जीएसटी रजिस्ट्रेशन से जोड़ना चाहता है लेकिन गलत तरीका अपनाकर परेशान करना यह गलत है,व्यापारी इसके लिए कतई तैयार नहीं है।

 

Ashok Kesarwani- Editor
Author: Ashok Kesarwani- Editor