कौशाम्बी: सपा के कार्यकर्ता सम्मेलन में सांसद पुष्पेंद्र सरोज ने डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य पर कसा तंज, कहा- पिछली बार भी बच्चों वालो बता कहने पर उनका सफाया हो गया था,अबकी बार फिर साफ होगी भाजपा सरकार,
यूपी के कौशाम्बी जिले के चायल विधानसभा क्षेत्र में रविवार को समाजवादी पार्टी का एक दिवसीय कार्यकर्ता सम्मेलन आयोजित किया गया। इस सम्मेलन में सपा सांसद पुष्पेंद्र सरोज ने कार्यकर्ताओं और समर्थकों को संबोधित करते हुए आगामी विधान परिषद चुनाव में पार्टी प्रत्याशी मानसिंह यादव के पक्ष में मतदान करने की अपील की।
इस दौरान उन्होंने भाजपा और प्रदेश सरकार पर जमकर निशाना साधा। डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य के एक बयान पर पलटवार करते हुए सांसद ने कहा कि पिछली बार भी किसी ने कहा था कि वे बच्चे हैं, फिर उनका सफाया हो गया था। अबकी बार किसी और ने ऐसा कहा है, तो प्रदेश से उनका सफाया हो जाएगा।
सांसद पुष्पेंद्र सरोज ने सम्मेलन में उमड़ी भीड़ को परिवर्तन का संकेत बताते हुए कहा कि कार्यकर्ताओं, नौजवानों और आम जनता की मौजूदगी बता रही है कि पूरे उत्तर प्रदेश में बदलाव की लहर चल रही है, जिसकी शुरुआत चायल विधानसभा क्षेत्र से हो चुकी है। उन्होंने दावा किया कि वर्ष 2027 के विधानसभा चुनाव में समाजवादी पार्टी और इंडिया गठबंधन पूर्ण बहुमत के साथ सरकार बनाएंगे। उनके मुताबिक जनता बदलाव चाहती है और आगामी चुनाव में इसका असर दिखाई देगा।
सपा सांसद ने भाजपा सरकार पर संविधान और आम जनता के अधिकारों को कमजोर करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि बाबा साहेब डॉ. भीमराव आंबेडकर के संविधान पर चोट पहुंचाने, लोगों के मताधिकार के साथ खिलवाड़ करने और जनता के हक-अधिकारों पर डकैती डालने का काम भाजपा सरकार ने किया है। उन्होंने राम के चढ़ावे की कथित चोरी का आरोप लगाते हुए भी भाजपा को घेरा। सांसद ने कहा कि सम्मेलन में उमड़ी भीड़ अब केवल कार्यकर्ताओं की भीड़ नहीं, बल्कि जनता का सम्मेलन बन गई है। उन्होंने दावा किया कि कौशाम्बी में परिवर्तन तय है।
दिल्ली में हो रहे प्रदर्शन का जिक्र करते हुए पुष्पेंद्र सरोज ने भाजपा पर प्रदर्शनकारियों को रोकने और उनके साथ कथित दुर्व्यवहार करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि नौजवानों और बुजुर्गों को रोका जा रहा है तथा पत्रकारों को भी हिरासत में लिया गया है। इन घटनाओं से अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भारत की छवि प्रभावित हुई है।
सांसद ने आरोप लगाया कि सत्ता में बैठे लोगों को बचाने के लिए पुलिस बल का इस्तेमाल किया जा रहा है। उन्होंने चुनाव आयोग और एनडीए के बीच मिलीभगत का आरोप लगाते हुए कहा कि इसी के विरोध में प्रदर्शन हो रहे हैं। उन्होंने कहा कि फिलहाल लोगों की शिकायतों पर सुनवाई नहीं हो रही है, लेकिन आगामी चुनाव में लोकतांत्रिक तरीके से जवाब दिया जाएगा।
कार्यकर्ता सम्मेलन में सपा के विधान परिषद प्रत्याशी मानसिंह यादव, कैलाश चंद्र केसरवानी, भोला सिंह यादव, गुलाम हुसैन सहित सैकड़ों कार्यकर्ता और समर्थक मौजूद रहे।








