प्रयागराज: शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती से मिलने माघ मेला पहुंचे कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष अजय राय,
यूपी के प्रयागराज में आयोजित माघ मेला के सेक्टर नंबर 4 में उत्तर प्रदेश कांग्रेस कमेटी के प्रदेश अध्यक्ष अजय राय शंकराचार्य शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती से मिलने और उनके धरने का समर्थन करने उनके आश्रम पर पहुंचे।
गौरतलब है कि मौनी अमावस्या के मौके पर शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती के काफिले को पुलिस ने संगम तट पर जाने से रोक दिया था, जिससे मेला क्षेत्र में तनाव बढ़ गया। शंकराचार्य के काफिले को रोकने पर उनके आगे चल रहे बटुकों, समर्थकों और पुलिस के बीच तीखी बहस हुई, और देखते ही देखते धक्का-मुक्की शुरु हो गई। जिसके बाद मेला क्षेत्र में स्थिति तनावपूर्ण हो गई है। पुलिस ने भीड़ को नियंत्रित करने के लिए समर्थकों को धक्का देकर पीछे हटाया, जिससे संतों ने विरोध करना शुरु कर दिया।
अधिकारियों ने बताया कि शंकराचार्य ने पैदल जाने का अनुरोध किया था, लेकिन काफिले के अनुयायी दर्शन के लिए टूट पड़ते हैं, जिससे भगदड़ जैसी स्थिति पैदा हो सकती है। इससे नाराज शंकराचार्य वापस त्रिवेणी मार्ग स्थित अपने आश्रम के बाहर साधू संतो के साथ धरने पर बैठ गये। वहीं शंकराचार्य के धरने पर बैठने की सूचना मिलते ही धरने का समर्थन करने पहुंचे उत्तर प्रदेश कांग्रेस कमेटी के प्रदेश अध्यक्ष राजा राय एवं कौशाम्बी कांग्रेस के जिला अध्यक्ष गौरव पाण्डेय प्रयागराज के शहर अध्यक्ष ,गंगापार अध्यक्ष, जमुनापार अध्यक्ष और NSUI के प्रदेश उपाध्यक्ष अमित द्विवेदी “आजाद” भी बड़ी संख्या में कांग्रेस के कार्यकर्ता कैंप में पहुंच गए।
इस दौरान यूपी कांग्रेस अध्यक्ष अजय राय ने शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती से मिल कर मौनी अमावस्या स्नान पर साधु-संतों के साथ हुए दुर्व्यवहार की घटना को अक्षम्य बताते हुए भाजपा सरकार की नाकामी और अहंकारी रवैये को जिम्मेदार ठहराया। जिसमें उन्होंने इसे सनातन धर्म और संतों का अपमान बताया और इस घटना की उच्चस्तरीय जांच की मांग करते हुए सरकार से सम्पूर्ण संत व सनातन समाज से अविलम्ब क्षमा याचना करने की मांग की। उन्होंने कहा कि सरकार माघ मेले का राजनीतिक लाभ लेने के लिये संत महात्माओं को षड़यंत्र के तहत अपमानित कर रही है। जिसका विरोध किया जायेगा।
इस दौरान कांग्रेस के पूर्व शहर अध्यक्ष प्रदीप अंशुमान मिश्रा, हरकेश त्रिपाठी, सचिन पांडे, अकरम जका, असद अहमद, मोहम्मद मिजाज, विवेकानंद पाठक, जितेन्द्र तिवारी, अक्षय यादव, सोनू, मोनू यादव, लगभग साइकिलों की संख्या में कांग्रेसी कार्यकर्ता मौजूद रहे।








