कौशाम्बी: भरवारी में 38वें श्री दुर्गा महोत्सव में वृंदावन के बाल व्यास आचार्य राज राजेश्वर महाराज ने सुनाई शिव विवाह की कथा,शिव-पार्वती विवाह प्रसंग सुन भावविभोर हुए श्रद्धालु,
यूपी के कौशाम्बी जिले के नगर पालिका परिषद भरवारी के पानी टंकी रोड स्थित राधाकृष्ण मंदिर परिसर में श्री दुर्गा महोत्सव समिति की ओर से 38वां श्री दुर्गा महोत्सव हर्षोल्लास और भक्तिमय वातावरण में मनाया जा रहा है। महोत्सव के दौरान सुबह-शाम श्रद्धालुओं द्वारा विशेष आरती-पूजन किया जा रहा है। वहीं, श्रीधाम वृंदावन से पधारे बाल व्यास आचार्य राज राजेश्वर जी महाराज प्रतिदिन रात्रि नौ बजे से 12 बजे तक कथा-प्रवचन के माध्यम से श्रद्धालुओं को धर्म और भक्ति का संदेश दे रहे हैं।
नवरात्र के चौथे दिन बुधवार की रात कथा व्यास ने भगवान शिव और माता पार्वती के विवाह का पावन प्रसंग सुनाया। उन्होंने भगवान शिव की अनूठी बारात का सजीव वर्णन करते हुए बताया कि भोलेनाथ जब दूल्हे के रूप में सजे, तो उनके मस्तक पर चंद्रमा, जटाओं में मां गंगा और गले में सर्पों की माला सुशोभित थी। उनकी बारात में देवी-देवताओं के साथ भूत-प्रेत, पिशाच और साधु-संत भी शामिल हुए थे।
कथा के दौरान भगवान शिव के नंदी पर सवार होकर आने और शिव-पार्वती विवाह के प्रसंग का वर्णन सुनकर श्रद्धालु भावविभोर हो उठे। पूरा पंडाल हर-हर महादेव के जयघोष से गूंज उठा और भक्त भक्ति में झूमते नजर आए। देर रात आरती के बाद श्रद्धालुओं को प्रसाद वितरित किया गया।
इस अवसर पर समिति के अध्यक्ष जगदीश शिवहरे, संरक्षक वीरेन्द्र केसरवानी (कोको), राधा कृष्ण केसरवानी (मुन्ना), महामंत्री संजय केसरवानी, कोषाध्यक्ष अरविन्द केसरवानी, शिवम शिवहरे, कीर्त कुमार, रितांशु केसरवानी, विवेक केसरवानी सहित बड़ी संख्या में श्रद्धालु एवं समिति के सदस्य मौजूद रहे।








