पूर्व प्रधान का भारी आक्रोश के बीच किया गया अंतिम संस्कार,चौराहे पर शव रखकर पुलिस के खिलाफ हुई नारेबाजी,परिजनों ने मुख्यमंत्री को संबोधित एसडीएम को सौंपा ज्ञापन

कौशाम्बी: पूर्व प्रधान का भारी आक्रोश के बीच किया गया अंतिम संस्कार,चौराहे पर शव रखकर पुलिस के खिलाफ हुई नारेबाजी,परिजनों ने मुख्यमंत्री को संबोधित एसडीएम को सौंपा ज्ञापन,

यूपी के कौशाम्बी जिले के संदीपन घाट थाना क्षेत्र के आलमचंद गांव में पूर्व प्रधान मनोज कुमार की गोली मारकर हत्या के मामले ने तूल पकड़ लिया है। सोमवार सुबह मॉर्निंग वॉक के दौरान बाइक सवार हमलावरों ने उन्हें गोली मार दी थी। गंभीर हालत में उन्हें प्रयागराज के अस्पताल में भर्ती कराया गया था,जहां करीब 30 घंटे बाद उनकी मौत हो गई।जिसके बावजूद भी मंगलवार को उनका पोस्टमार्टम नहीं कराया गया जिससे आक्रोशित परिजनों एवं ग्रामीणों ने मंगलवार को रात में नेशनल हाईवे पर चक्का जाम कर दिया था।पुलिस की कड़ी सुरक्षा के बीच बुधवार को शव गांव पहुंचा तो माहौल गमगीन हो गया।भारी आक्रोश और पुलिस की कड़ी सुरक्षा के बीच पूर्व प्रधान का अंतिम संस्कार किया गया।

घटना संदीपन घाट थाना क्षेत्र की है जहा सोमवार की सुबह मनोज कुमार प्रतिदिन की तरह मार्किंग वॉक पर निकले थे। इसी दौरान अज्ञात बाइक सवार हमलावरों ने उन्हें निशाना बनाते हुए गोली मार दी। घटना के बाद इलाके में सनसनी फैल गयी थी,घायल मनोज कुमार को प्रयागराज के अस्पताल में भर्ती कराया गया था, जहां इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई। मृतक के बेटे सूरज की तहरीर पर पुलिस ने अज्ञात हमलावर के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया, लेकिन अब तक किसी की गिरफ्तारी नहीं हो सकी है।

पोस्टमार्टम के बाद करीब 60 घंटे बाद जब शव गांव पहुंचा, तो परिजनों का गुस्सा फूट पड़ा। इससे पहले मंगलवार देर शाम परिजनों ने प्रयागराज-कानपुर मार्ग पर करीब एक घंटे तक जाम भी लगाया था। वहीं बुधवार की शाम 5 बजे शव गाँव आया तो परिजनों ने शव को चौराहे पर रखकर प्रदेश सरकार व पुलिस के खिलाफ नारेबाज़ी भी की।

स्थिति को देखते हुए मौके पर पांच थानों संदीपन घाट, पिपरी , कड़ाधाम कोतवाली, चरवा व महिला थाना की पुलिस और पीएसी बल तैनात रही। साथ ही एसडीएम चायल अरुण कुमार और सीओ चायल अभिषेक सिंह व सीओ सिराथू सत्येंद्र तिवारी भी तैनात रहे। एसडीएम को परिजनों ने मुख्यमंत्री को सम्बोधित मांग पत्र सौंपा जिसके बाद एसडीएम के आश्वासन पर परिजन शव का अंतिम संस्कार करने को राजी हुए।

पुलिस ने परिजनों को मनाने के बाद गाँव में ही स्थित पूर्वजो के कब्रिस्तान में शव को दफन करवाया गया। हालांकि की शव दफनाने के बाद पुलिस ने राहत की सांस ली पर गाँव में तनावपूर्ण माहौल है।

घटना के बाद से मृतक की पत्नी पत्नी सीमा देवी दो बेटे सूरज-(20),पूनीत -(16) बेटी सपना- 18 भाई- संतोष, संदीप का रो-रोककर बुरा हाल है।

वही मामले को लेकर सपा की चायल विधायक पूजा पाल सहित सपा,बसपा सहित तमाम पार्टियों के नेता और कार्यकर्ता भी मौजूद रहे।

Ashok Kesarwani- Editor
Author: Ashok Kesarwani- Editor