स्कूल में बच्चों की आपसी मारपीट में घायल मासूम स्कूली बच्चे की इलाज के दौरान मौत,BSA ने पूरे स्टाफ को किया सस्पेंड

कौशाम्बी: स्कूल में बच्चों की आपसी मारपीट में घायल मासूम स्कूली बच्चे की इलाज के दौरान मौत,BSA ने पूरे स्टाफ को किया सस्पेंड,

यूपी के कौशाम्बी जिले में स्कूल में पिछले शुक्रवार को छात्रों के बीच मारपीट हो गई। कुछ बच्चों ने 5वीं के छात्र का गला दबा दिया, जिससे उसकी हालत बिगड़ गई। बुधवार को सुबह 9 बजे प्रयागराज में बच्चे की इलाज के दौरान मौत हो गई। गुस्साए घर वाले और ग्रामीण शव लेकर स्कूल पहुंच गए और जमकर हंगामा किया।हंगामा बढ़ता देख स्कूल का पूरा स्टाफ फरार हो गया। एसडीएम, एसपी समेत अधिकारी पहुंचे और लोगों को समझाने की कोशिश की, लेकिन परिजन कार्रवाई की मांग पर अड़े रहे। डीएम डॉ अमित पाल के आदेश पर BSA ने प्रिंसिपल समेत पूरे स्टाफ को सस्पेंड कर दिया है।

मामला चरवा थाना क्षेत्र के पहाड़पुर सुधवर गांव का है जहा के रहने वाले बीरू राठौर ऑटो चलाते हैं। परिवार में पत्नी के अलावा दो बेटे विभान (13) और शिवान के अलावा बेटी जान्हवी है। विभान प्राथमिक स्कूल में 5वीं क्लास में था। शुक्रवार को विभान स्कूल से छुट्टी होने के बाद घर पहुंचा।घर पर खाना खाते समय उसे गले में दिक्कत हुई तो मां ने कारण पूछा। बच्चे ने बताया कि स्कूल में कुछ लड़कों ने मुझे पीटा था और मेरा गला दबा दिया था। घर वाले पास के एक प्राइवेट हॉस्पिटल में बच्चे को ले गए, जहां डॉक्टरों ने हालत गंभीर बताई। इसके बाद परिजन विभान को लेकर प्रयागराज के आयुष हॉस्पिटल गए।

बच्चे का इलाज चल रहा था, लेकिन उसकी हालत बिगड़ती गई। आज सुबह 9 बजे बच्चे की मौत हो गई। घर वाले शव लेकर सीधा स्कूल पहुंच गए। गांव वालों को जानकारी हुई तो सैकड़ो ग्रामीणों ने स्कूल घेर लिया और कार्रवाई की मांग करने लगे।हंगामे की सूचना मिलते ही पूरा स्टॉफ मौके से फरार हो गया। गांव वालों ने स्कूल में पढ़ने वाले बच्चों को भी घर भेज दिया। सीओ चायल शिवांक सिंह दो थाने की फोर्स के साथ मौके पर पहुंचे और लोगों को समझाने की कोशिश की, लेकिन गांव वाले कार्रवाई की मांग पर अड़े रहे।

ग्रामीणों का कहना है कि स्कूल में टीचर्स के भरोसे पर हम बच्चों को भेजते हैं। इस स्कूल में कक्षा 1 से लेकर 5वीं तक 150 बच्चे पढ़ाई करते हैं। स्कूल में एक शिक्षामित्र समेत 7 टीचर हैं। अगर बच्चों में झगड़ा हुआ था तो टीचर्स ने उन्हें रोका क्यों नहीं। गांव वालों का आरोप है कि टीचर पढ़ाई कराने की जगह फोन चलाने में बिजी रहते हैं।

वही पिता का आरोप है कि 4-5 बच्चों ने विभान के साथ मारपीट की थी, लेकिन अभी उन बच्चों का नाम नहीं पता चल सका है। पिता का आरोप है कि बच्चों के बीच काफी देर तक झगड़ा और मारपीट होती रही, लेकिन टीचर्स ने समय रहते बीच-बचाव नहीं किया और मूकदर्शक बने रहे।

हंगामा बढ़ने पर ASP अमिता सिंह, SDM चायल प्रेरणा गौतम, ABSA हिना सिद्दीकी ने पहुंचकर लोगों को समझाया। लोग डीएम और स्कूल के शिक्षकों को बुलाने की मांग पर अड़े थे। अधिकारियों ने मामले की जानकारी डीएम डॉ अमित पाल को दी। जिसके बाद डीएम के आदेश पर BSA ने प्रिंसिपल योगेश सिंह समेत पूरे स्टॉफ को सस्पेंड कर दिया।

ASP अमिता सिंह का कहना है कि आपसी लड़ाई के बाद बच्चे की मौत की बात घर वालों ने बताई है। परिजनों की तहरीर पर केस दर्ज किया जा रहा है। लोगों को समझाकर बच्चे के शव का पोस्टमॉर्टम कराया जा रहा है। स्कूल का पूरा स्टॉफ सस्पेंड कर दिया गया है। आगे तहरीर के आधार पर कार्रवाई की जाएगी।

Ashok Kesarwani- Editor
Author: Ashok Kesarwani- Editor