राज्यसभा सांसद अमर पाल मौर्य ने जनभावनाओं को स्वर देते हुए श्री राम दर्शन रेल पथ कॉरिडोर के शीघ्र निर्माण की उठाई मांग

कौशाम्बी: राज्यसभा सांसद अमर पाल मौर्य ने जनभावनाओं को स्वर देते हुए श्री राम दर्शन रेल पथ कॉरिडोर के शीघ्र निर्माण की उठाई मांग,

राज्यसभा सांसद अमर पाल मौर्य ने संसद में उत्तर प्रदेश के अयोध्या,प्रयागराज एवं बुंदेलखंड रीजन को जोड़ने वाले श्रीराम दर्शन रेल पथ कॉरिडोर के शीघ्र निर्माण की मांग उठाते हुए इसे राष्ट्रीय सांस्कृतिक,धार्मिक एवं क्षेत्रीय विकास की दृष्टि से अत्यंत महत्वपूर्ण परियोजना बताया।

राज्यसभा सांसद अमर पाल मौर्य ने सदन में अपनी मांग उठाते हुए कहा कि अयोध्या,प्रयागराज एवं चित्रकूट क्षेत्र भारत की सनातन संस्कृति एवं आध्यात्मिक परंपरा तथा भगवान श्रीराम के वनगमन से जुड़े प्रमुख तीर्थ क्षेत्रों में शामिल है। जहां प्रत्येक वर्ष देश विदेश से करोड़ों की संख्या में श्रद्धालु यहां पवित्र स्थलों के दर्शन हेतु आते हैं जिसमें पूर्णिमा और दीपावाली जैसे विशेष अवसरों पर लाखों की संख्या पहुंच जाती है।

भारत सरकार द्वारा भगवान श्रीराम के वनगमन से जुड़े स्थलों को जोड़ने के लिए सड़क मार्ग के माध्यम से राम वन गमन पथ का विकास किया गया किंतु इन्हीं प्रमुख धार्मिक एवं आध्यात्मिक स्थलों को एकीकृत रूप से जोड़ने वाला कोई समर्पित एवं सुव्यवस्थित रेल कॉरिडोर आज भी उपलब्ध नहीं है इसलिए श्रद्धालुओं को एक ही यात्रा में इस तीर्थस्थलों के दर्शन हेतु अनेक कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है।

साथ ही श्रीराम दर्शन रेल पथ कॉरिडोर के माध्यम से अयोध्या वाया सुल्तानपुर,भादर अमेठी,कालिका देवी धाम (अमेठी)माँ चंडिका देवी धाम (प्रतापगढ़)घुइसरनाथ धाम प्रतापगढ़,जगतगुरू स्वामी करपात्री जी महाराज की जन्मस्थली(प्रतापगढ़) जगतगुरू कृपालु जी महाराज की जन्मस्थली मनगढ़ धाम (प्रतापगढ़)श्रृंगवेगपुर धाम (प्रयागराज) कड़ा धाम (कौशाम्बी) मुख्यालय मंझनपुर (कौशाम्बी) गोस्वामी तुलसी दास जी की जन्मस्थली राजापुर चित्रकूट तथा चित्रकूट धाम को एक ही रेल मार्ग से जोड़ा जा सकता है जिससे श्रृद्धालुओं को भगवान श्रीराम के वनगमन मार्ग से जुड़े प्रमुख तीर्थस्थलों की एकीकृत एवं सुगम यात्रा का अवसर मिले।

यही नहीं यह क्षेत्र विकास की दृष्टि से अभी भी अपेक्षाकृत पिछड़ा है इस रेल कॉरिडोर के निर्माण से धार्मिक पर्यटन को नई गति मिलेगी और स्थानीय अर्थव्यवस्था सुदृढ़ होगी तथा लाखों युवाओं के लिए प्रत्यक्ष एवं अप्रत्यक्ष रोजगार के अवसर सृजित होंगे साथ ही होटल,परिवहन,हस्तशिल्प,स्थानीय व्यापार एवं पर्यटन आधारित उद्योगों को भी व्यापक लाभ मिलेगा।

राज्यसभा सांसद ने केंद्र सरकार एवं रेल मंत्रालय से आग्रह किया जनभावनाओं,सांस्कृतिक विरासत एवं क्षेत्रीय विकास को ध्यान में रखते हुए श्रीराम दर्शन रेल पथ कॉरिडोर के निर्माण को शीघ्र स्वीकृति प्रदान कर आवश्यक कार्यवाही प्रारंभ की जाए। प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में देश में धार्मिक एवं सांस्कृतिक पर्यटन को बढ़ावा मिला है व कई सारी परियोजनाओं का विकास किया गया है उसी क्रम में भगवान श्रीराम के वनगमन मार्ग से जुड़े इस महत्वपूर्ण क्षेत्र के लिए श्रीराम दर्शन रेल पथ कॉरिडोर का निर्माण भी राष्ट्रीय महत्व की परियोजना सिद्ध होगी।

Ashok Kesarwani- Editor
Author: Ashok Kesarwani- Editor