आश्रम पद्धति विद्यालय का नाम बदले जाने पर सैकड़ों ग्रामीणों ने प्रदर्शन कर प्रधानमंत्री को सम्बोधित डीएम को सौंपा ज्ञापन

कौशाम्बी: आश्रम पद्धति विद्यालय का नाम बदले जाने पर सैकड़ों ग्रामीणों ने प्रदर्शन कर प्रधानमंत्री को सम्बोधित डीएम को सौंपा ज्ञापन,

यूपी के कौशाम्बी जिले के आश्रम पद्धति विद्यालयों के नाम बदले जाने के विरोध में सोमवार को अपनी जनता पार्टी के सैकड़ो कार्यकर्ताओं ने जिला कलेक्ट्रेट में प्रदर्शन किया और प्रधानमंत्री को संबोधित ज्ञापन डीएम को सौंपते हुए तत्काल नाम बदलने की कार्रवाई को वापस लेने की मांग की।

अपनी जनता पार्टी के महिला मोर्चा की प्रदेश अध्यक्ष हिंदूजा के नेतृत्व में सैकड़ो कार्यकर्ताओं ने पहले मुख्यालय स्थित डायट मैदान में एक बैठक की, बैठक के बाद जुलूस की शक्ल में सभी कार्यकर्ता सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए कलेक्ट्रेट परिसर पहुंचे जहां उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार बदले की भावना से महापुरुषों के नाम से संचालित विद्यालयों का नाम बदलने का कार्य कर रही है। जो कि गलत है।

इस दौरान कार्यकर्ताओं ने कलेक्ट्रेट परिसर में प्रदर्शन कर राजपाल, प्रधानमंत्री व मुख्यमंत्री को संबोधित दो सूत्रीय मांगों का मांग पत्र डीएम को सौंपते हुए तत्काल विद्यालयों के बदले हुए नामों को पुना वापस लेने की मांग की।

ये थी मांगेंः

– कोइलहा, कौशाम्बी स्थित उक्त विद्यालय का नाम तत्काल प्रभाव से पुनः”सावित्रीबाई फुले राजकीय बालिका आश्रम पद्धति विद्यालय” किया जाए।

– राष्ट्र निर्माण और शिक्षा के क्षेत्र में अभूतपूर्व क्रांति लाने वाले महान फुले दंपति (राष्ट्रपिता ज्योतिराव फुले एवं माता सावित्रीबाई फुले) को देश के सर्वोच्च नागरिक सम्मान “भारत रत्र” से सम्मानित किया जाए। तथा भविष्य में महापुरुषों के नाम पर स्थापित संस्थानों के नाम न बदलने हेतु एक स्पष्ट नीति बनाई जाए।

प्रदर्शन के दौरान अपनी जनता पार्टी के जिला अध्यक्ष धन कुमार कुशवाहा ,अनिल मौर्य ,मनीष जायसवाल, सतीश मौर्य ,आराधना मौर्य, सुशीला देवी सहित तमाम लोग मौजूद रहे।

Ashok Kesarwani- Editor
Author: Ashok Kesarwani- Editor