कौशाम्बी में खाद्य विभाग की छापेमारी, हरियाणा से आया 682 पेटी रसगुल्ला पकड़ा, पीहू मिष्ठान भंडार पर कार्रवाई, रसगुल्लों का नमूना जांच के लिए भेजा गया

कौशाम्बी: कौशाम्बी में खाद्य विभाग की छापेमारी, हरियाणा से आया 682 पेटी रसगुल्ला पकड़ा, पीहू मिष्ठान भंडार पर कार्रवाई, रसगुल्लों का नमूना जांच के लिए भेजा गया,

यूपी के कौशाम्बी जनपद में आगामी त्योहारों के मद्देनजर मिलावटी खाद्य पदार्थों की बिक्री पर रोक लगाने और आमजन को सुरक्षित खाद्य सामग्री उपलब्ध कराने के लिए खाद्य सुरक्षा विभाग ने अभियान तेज कर दिया है। शुक्रवार की शाम खाद्य विभाग की टीम ने सैनी कोतवाली क्षेत्र के अझुवा कस्बे स्थित पीहू मिष्ठान भंडार पर छापेमारी की। इस दौरान हरियाणा से एक ट्रक में लाए गए उत्तम ब्रांड के लगभग 682 पेटी रसगुल्ले पकड़े गए। टीम ने रसगुल्लों के नमूने जांच के लिए भेजते हुए पूरे ट्रक को सील कर थाने में खड़ा करा दिया।

आयुक्त खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन तथा डीएम के निर्देश पर मुख्य खाद्य सुरक्षा अधिकारी शिव प्रताप तिवारी के नेतृत्व में खाद्य सुरक्षा अधिकारी भरत कुमार मिश्र और खाद्य सहायक अनिल कुमार की टीम ने शुक्रवार शाम करीब पांच बजे यह कार्रवाई की। छापेमारी के दौरान टीम ने दो से तीन पेटियों से रसगुल्ले निकलवाकर नमूने एकत्र किए और उन्हें जांच के लिए भेज दिया। खाद्य विभाग की इस कार्रवाई से इलाके में हलचल मच गई।

खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम ने मंझनपुर तहसील क्षेत्र में भी विभिन्न दुकानों का सघन निरीक्षण किया। इस दौरान खाद्य कारोबारियों को खुले में कुट्टू का आटा और कुट्टू की दलिया सहित अन्य खाद्य सामग्री बेचने से मना किया गया। निरीक्षण के दौरान किसी भी दुकान पर कुट्टू का आटा या कुट्टू अन्य रूप में नहीं पाया गया।

टीम ने सिराथू रोड स्थित पीडब्ल्यूडी कॉलोनी के बजरंग इंटरप्राइजेज से बेसन का नमूना संग्रह किया। वहीं, चकनगर द्वितीय, सिराथू रोड मंझनपुर स्थित फैमिली मार्ट से किशमिश का नमूना लेकर जांच के लिए भेजा गया।

निरीक्षण के दौरान खाद्य कारोबारियों को निर्देशित किया गया कि वे अपने प्रतिष्ठानों में रखे खाद्य पदार्थों की नियमित जांच करें और एक्सपायरी डेट वाले सामान को तत्काल दुकान से हटा दें। विभाग की इस कार्रवाई का उद्देश्य आगामी त्योहारों के दौरान बाजार में सुरक्षित खाद्य पदार्थों की उपलब्धता सुनिश्चित करना और खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता पर निगरानी रखना है।

अब रसगुल्लों, बेसन और किशमिश के नमूनों की जांच रिपोर्ट आने के बाद खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता के संबंध में स्थिति स्पष्ट होगी।

Ashok Kesarwani- Editor
Author: Ashok Kesarwani- Editor