कौशाम्बी: मेडिकल कॉलेज में जटिल वैरिकोज वेन का सफल ऑपरेशन, 20 वर्षीय युवक को मिली वर्षों पुराने दर्द से राहत,
यूपी के कौशाम्बी जिले में स्वशासी राज्य चिकित्सा महाविद्यालय (एएसएमसी) मंझनपुर के जनरल सर्जरी विभाग में वैरिकोज वेन (Varicose Veins) से पीड़ित 20 वर्षीय युवक का सफल ऑपरेशन कर उसे वर्षों पुराने दर्द एवं असुविधा से राहत दिलाई गई। मरीज पिछले 5–6 वर्षों से दाहिने पैर की वैरिकोज वेन की समस्या से परेशान था। सूजी हुई नसों के कारण उसे चलने-फिरने में दर्द, भारीपन और दैनिक कार्यों में कठिनाई का सामना करना पड़ता था। विभिन्न स्थानों पर उपचार कराने के बावजूद उसे अपेक्षित लाभ नहीं मिल सका।
इसके बाद मरीज ने एएसएमसी मंझनपुर के जनरल सर्जरी विभाग में परामर्श लिया। विशेषज्ञ चिकित्सकों द्वारा विस्तृत जांच एवं आवश्यक परीक्षणों के उपरांत शल्य चिकित्सा की सलाह दी गई। ऑपरेशन के दौरान वैरिकोज वेन को रक्त आपूर्ति करने वाली मुख्य नसों को सुरक्षित रूप से लिगेशन (Ligation) कर प्रभावित नसों की स्ट्रिपिंग (Stripping) की गई। साथ ही पैर की छोटी-छोटी फूली हुई नसों को सूक्ष्म चीरों के माध्यम से मल्टीपल फ्लेबेक्टॉमी (Multiple Phlebectomies) तकनीक से हटाया गया, जिससे रोग का प्रभावी एवं सुरक्षित उपचार संभव हो सका।
लगभग एक घंटे तक चले इस ऑपरेशन को चिकित्सकों की टीम ने सफलतापूर्वक संपन्न किया। ऑपरेशन के बाद मरीज को निगरानी एवं आवश्यक देखभाल के लिए वार्ड में भर्ती किया गया, जहाँ उसकी स्थिति पूरी तरह स्थिर है तथा वह तेजी से स्वस्थ हो रहा है।
यह सफल शल्य चिकित्सा महाविद्यालय के प्राचार्य प्रो. हरिओम सिंह के मार्गदर्शन में संपन्न हुई। ऑपरेशन टीम में जनरल सर्जरी विभाग के असिस्टेंट प्रोफेसर डॉ. नरेन्द्र कुमार, डॉ. अरशद अहमद, सीनियर रेजिडेंट डॉ. आकाश केशरवानी, एनेस्थीसिया विभाग के डॉ. संजय सोनकर, सीनियर रेजिडेंट डॉ. ज्योति शर्मा सहित ऑपरेशन थिएटर स्टाफ एवं नर्सिंग टीम की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
प्राचार्य प्रो. हरिओम सिंह ने सफल ऑपरेशन पर पूरी चिकित्सकीय टीम को बधाई देते हुए कहा कि एएसएमसी मंझनपुर में आधुनिक तकनीकों एवं विशेषज्ञ चिकित्सकों की उपलब्धता के कारण अब जनपद एवं आसपास के क्षेत्रों के मरीजों को जटिल शल्य चिकित्सा की गुणवत्तापूर्ण सुविधा स्थानीय स्तर पर ही उपलब्ध हो रही है।
विशेषज्ञ चिकित्सकों ने बताया कि वैरिकोज वेन को लंबे समय तक नजरअंदाज करने पर दर्द, सूजन, त्वचा में बदलाव, रक्तस्राव तथा पैरों में वीनस अल्सर (Venous Ulcer) जैसी गंभीर जटिलताएँ विकसित हो सकती हैं। इसलिए पैरों की नसों में सूजन, दर्द, भारीपन या उभरी हुई नसें दिखाई देने पर शीघ्र विशेषज्ञ चिकित्सक से परामर्श लेकर समय पर उपचार कराना चाहिए।








