कौशाम्बी: एमजे पब्लिक स्कूल के निरीक्षण में खुली पोल,फर्जी अभिलेखों के सहारे ली मान्यता,ABSA ने मान्यता प्रत्याहरण की कार्यवाही की दी चेतावनी,
यूपी के कौशाम्बी जिले में निःशुल्क एवं अनिवार्य बाल शिक्षा का अधिकार अधिनियम-2009 की धारा 12(1)(ग) के अन्तर्गत एमजे पब्लिक स्कूल मंझनपुर में अध्ययनरत् बच्चों की फीस प्रतिपूर्ति एवं वित्तीय सहायता हेतु भौतिक सत्यापन के क्रम में गुरुवार को ABSA प्रमोद कुमार गुप्ता ने औचक स्थलीय निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान विद्यालय का संचालन अत्यंत आपत्तिजनक, अनियमित एवं सुरक्षा मानकों के विपरीत पाया गया। मौके पर गम्भीर अनियमितता पाई गई।छात्र उपस्थिति पंजिका में कूटरचित विवरण भरा गया था।विद्यालय द्वारा पूर्व में प्रेषित सूचना के अनुसार कक्षा-2 में कुल 28 बच्चे अध्ययनरत् दर्शाये गये थे, जबकि स्थलीय निरीक्षण में छात्र उपस्थिति पंजिका में केवल 08 बच्चों के नाम ही अंकित पाये गये।
इससे यह स्पष्ट प्रतीत होता है कि विद्यालय में कूटरचित एवं असत्य अभिलेख तैयार कर आर.टी.ई. के तहत अनुचित रूप से शासकीय धनराशि (फीस प्रतिपूर्ति) प्राप्त करने का प्रयास किया जा रहा है।सत्र 2026-27 की छात्र उपस्थिति पंजिका के अनुसार कक्षा-1 में 20 तथा कक्षा-2 में मात्र 08 बच्चे नामांकित हैं। इससे सिद्ध होता है कि आर.टी.ई. 12(1)(ग) के तहत अधिक सीटें आवंटित कराने के दुर्भावनापूर्ण उद्देश्य से यू-डायस पोर्टल पर फर्जी/अत्यधिक नामांकन प्रदर्शित किया गया है।
इसी कूटरचित नामांकन को छिपाने के उद्देश्य से यू-डायस पर दर्ज 416 बच्चों के सापेक्ष मात्र 08 बच्चों की ही अपार आईडी जनरेट की गयी है।भवन एवं सुरक्षा मानकों का घोर उल्लंघन किया गया।शासनादेश एवं नेशनल बिल्डिंग कोड (NBC) के मानकों के विपरीत विद्यालय का संचालन जर्जर एवं असुरक्षित टीन शेड के नीचे बच्चों को बैठाकर किया जा रहा है। यह अत्यंत गंभीर विषय है, जिससे अध्ययनरत अबोध बच्चों की सुरक्षा एवं जीवन पर गंभीर खतरा बना हुआ है।विद्यालय मान्यता के समय प्रस्तुत भूमि/किरायानामा संबंधी अभिलेख कार्यालय में प्रस्तुत करने हेतु विद्यालय के प्रबंधक को पिछले दो माह से लगातार निर्देशित किया जा रहा है, किन्तु उनके द्वारा अभिलेख उपलब्ध नहीं कराए गए हैं। इससे प्रतीत होता है कि विद्यालय की मान्यता कूटरचित/फर्जी अभिलेखों के आधार पर प्राप्त की गयी है। विद्यालय परिसर में आग से बचाव हेतु कोई भी कार्यशील अग्निशमन उपकरण उपलब्ध नहीं पाया गया, जो सुरक्षा मानकों का खुला उल्लंघन है।
उपरोक्त से यह स्पष्ट है कि आपके द्वारा नियमों को ताक पर रखकर बच्चों के भविष्य एवं उनकी जीवन-सुरक्षा के साथ खिलवाड़ किया जा रहा है तथा शासकीय धन के गबन का कुत्सित प्रयास किया जा रहा है।
जिम्मेदारों को निर्देशित किया गया है कि असुरक्षित टीन शेड में विद्यालय का संचालन तत्काल प्रभाव से बंद करें तथा नोटिस के प्राप्त होने के तीन दिवस के भीतर अपना लिखित एवं तथ्यात्मक स्पष्टीकरण साक्ष्य सहित प्रस्तुत करें।
नियत समय-सीमा में स्पष्टीकरण प्रस्तुत न करने या उत्तर संतोषजनक न पाए जाने पर विद्यालय की मान्यता समाप्त करने एवं सुसंगत धाराओं में विधिक/दंडात्मक कार्यवाही करने हेतु उच्चाधिकारियों को सूचना भेजने की बात कही।








