कौशाम्बी: कौशाम्बी में जिला विधिक सेवा प्राधिकरण द्वारा बाल विवाह और बाल संरक्षण को लेकर कौशाम्बी में एक सप्ताह का विशेष जागरूकता अभियान शुरू,
उ०प्र० राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण, लखनऊ के निर्देशानुसार एवं जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, कौशाम्बी के तत्वाधान में तथा जनपद न्यायाधीश / अध्यक्ष जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के निर्देशन में 25.09.2026 से 01.10.2026 तक जनपद के विभिन्न विद्यालयों में बाल संरक्षण एवं यौन उत्पीड़न से संबंधित कानूनी ढ़ाचों के बारे में किशोरों में जागरूकता पैदा करने के उद्देश्य से गांधी जयंती के अवसर पर एक विशेष जागरूकता अभियान चलाया जा रहा है।
इस अभियान का मुख्य उद्देश्य बच्चों एवं किशोरों को उनके कानूनी अधिकारों, बाल संरक्षण संबंधी प्रावधानों तथा पॉक्सो अधिनियम, 2012 के अन्तर्गत अपराधों एवं उनके कानूनी परिणामों के प्रति जागरूकता करना है।
इस दौरान विशेष रूप से किशारों का यह जानकारी दी जाएगी कि कानून की नजर में 18 वर्ष से कम आयु का कोई भी बच्चा है, चाहे वह कितना भी परिपक्व क्यों न दिखे। प्रेम समझौता या विवाह करने का इरादा बचाव का आधार नहीं है, और भागकर विवाह करने पर अपहरण और अगवा करने के अपराध भी जुड़ सकते है। शारीरिक या गंभीर यौन उत्पीड़न के मामले में आजीवन कारावास तक की सजा हो सकती है। आरोपी की उम्र कोई बचाव नहीं है, और 19 या 20 वर्ष के लड़के पर भी यही नियम लागू होते हैं। 18 वर्ष से कम आयु की लड़की या 21 वर्ष से कम आयु के लड़के से विवाह करना बाल विवाह निषेध अधिनियम, 2006 के तहत अपराध है।
चाइल्डलाइन 1098, पुलिस 112, बाल कल्याण समिति और डी०एल०एस०ए० (जो निःशुल्क कानूनी सहायता प्रदान करता है) के माध्यम से सहायता उपलब्ध है। कानून द्वारा पीड़ित बच्चे की पहचान गापनीय रखी जाती है। 18 वर्ष से कम आयु का मतलब है कानून के अनुसार मनाही और भविष्य की रक्षा के बारे में बताया जायेगा।
अभियान के अन्तर्गत जनपद के समस्त न्यायिक अधिकारियों द्वारा निर्धारित रोस्टर के अनुसार चिन्हित विद्यालयों की प्रातःकालीन सभा (मॉर्निंग असेंबली) में उपस्थित होकर छा-छात्राओं को पॉक्सो अधिनियम, 2012 के प्रावधानों एवं विधिक परिणामों के संबंध में संबोधित किया जायेगा।
जिसके कम में शुक्रवार को राजकीय बालिका इण्टर कालेज, कड़ा विकास खण्ड (सिराथू), कौशाम्बी में अपर जनपद न्यायाधीश प्रथम रमेश, तिलक इण्टर कालेज, कनैली विकास खण्ड (कौशाम्बी) न अशोक कुमार श्रीवास्तव, विशेष न्यायाधीश पॉक्सो एक्ट एवं जय प्रकाश नारायण सर्वोदय बालिका विद्यालय, कोइलहा, कौशाम्बी में मिक्की सिंह, न्यायिक मजिस्ट्रेट, कौशाम्बी द्वारा प्रातःकालीन सभा (मॉर्निंग असेंबली) के दौरान छात्र-छात्रों को पॉक्सो अधिनियम, 2012 के प्रावधानों, बाल सुरक्षा, सुरक्षित एवं असुरक्षित स्पर्श, सहायता प्राप्त करने के तरीकों तथा संबंधित कानूनी प्रावधानों की जानकारी प्रदान की गयी। अभियान के दौरान बच्चों को यह भी अवगत कराया गया कि बाल कल्याण समिति तथा जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के माध्यम से निःशुल्क विधिक सहायता के रूप में उपलब्ध है, तथा पीड़ित बालिका की पहचान विधि द्वारा पूर्णतः संरक्षित रखी जाती है।
निर्धारित रोस्टर के अनुसार शनिवार को राजकीय बालिका इण्टर कालेज, सिराथू विकास खण्ड (सिराथू), कौशाम्बी, राजकीय इण्टर कालेज, ओसा, कौशाम्बी, जय प्रकाश नारायण सर्वोदय बालिका विद्यालय, भरसवा, कौशाम्बी तथा जय प्रकाश नारायण सर्वोदय विद्यालय, करारी, कौशाम्बी में न्यायिक अधिकारियों द्वारा प्रतिभाग किया जायेगा।
जिला विधिक सेवा प्राधिकरण द्वारा जनपदवासियों, अभिभावकों एवं शिक्षकों से अपील की जाती है कि वे इस जनहितकारी अभियान में सक्रिय सहभागिता कर बच्चों को उनके अधिकारों एवं विधि के प्रति जागरूक बनाने में सहयोग प्रदान करें, ताकि किसी भी बालक / बालिका का जीवन अज्ञानतावश प्रभावित न हो।








